यूं तो बिहार में MLA एवं MLC को ₹40000 तक सैलरी एवं 50 हजार से ₹70 हजार तक अन्य भक्ता के रूप में मिलता है. लेकिन बिहार के ग्राम पंचायत के पदों पर आसीन मुखिया, सरपंच, समिति, वार्ड सदस्य एवं पंच की सैलरी बहुत ही कम है. क्या आप बिहार मुखिया सैलरी 2021 के बारे में विस्तार से जानना चाहते हैं, तो आप एक बेहतरीन लेख तक पहुंच चुके हैं. 
जानिए बिहार के ग्राम पंचायत में किसको कितना मानदेय बिहार सरकार के तरफ से मिलता है
- जिला परिषद अध्यक्ष – 12000 प्रतिमाह
- जिला परिषद उपाध्यक्ष – 10000 प्रतिमाह
- पंचायत समिति प्रमुख – 10000 प्रतिमाह
- पंचायत समिति उप-प्रमुख – 5000 प्रतिमाह
- मुखिया – 2500 प्रतिमाह
- उप मुखिया – 1200 प्रतिमाह
- सरपंच – 2500 प्रतिमाह
- उप सरपंच – 1200 प्रतिमाह
- जिला परिषद सदस्य – 2500 प्रतिमाह
- पंचायत समिति सदस्य – 1000 प्रतिमाह
- वार्ड सदस्य – 500 प्रतिमाह
- पंच – 500 प्रतिमाह
- न्यायमित्र – 7000 प्रतिमाह
- ग्राम पंचायत सचिव – 6000 प्रतिमाह.
पद पर रहते हुए मौत होने पर कितना पैसा मिलता है? पंचायती राज के किसी भी पद के प्रतिनिधियों के पदासीन रहते हुए मौत होने पर परिजनों को मुआवजा के तौर पर पांच लाख रुपया मिलता है.
क्या पंचायत जनप्रतिनिधियों को सम्मानजनक सैलरी मिलना चाहिए?
समाज में हर किसी को सम्मान से जीने का हक देता है. अगर पंचायत जनप्रतिनिधियों को पर्याप्त कमाई नहीं होगी तो ऐसे में वह दूसरों को क्या सम्मान दिला पाएगा.
अनेक संगठन एवं कई पंचायत प्रतिनिधि ने हमें बताया कि हम लोगों की सैलरी/ मनोदय एवं भक्ता बहुत कम है. हमारी आवाज सरकार तक पहुंचाने के लिए अपने वेबसाइट पर इस पर एक आर्टिकल लिखिए.
मैं बिहार सरकार से आग्रह करता हूं कि पंचायत जनप्रतिनिधियों के सैलरी / मनोदय एवं भक्ता बढ़ाने के लिए उचित कदम उठाएं. राष्ट्रपिता महात्मा गांधी जी का चुके हैं कि भारत की आत्मा गांवों में बसती है. गांव की आत्मा पंचायत भवन में बसती है.
इसलिए पंचायत के प्रतिनिधियों को भी उचित मनोदय मिलना ही चाहिए. पंचायत के जनप्रतिनिधि भी कम से कम 12 घंटों तक अपने जनता के लिए सेवा देते हैं. उचित सेवा के बदले उचित महोद मिलना ही चाहिए.
Conclusion Point
मुखिया, सरपंच, समिति, वार्ड सदस्य एवं पंच सदस्य की सैलरी/ मनोदय 2500, 2500, 1000,500 एवं 500 रुपया प्रति महीना मिलता है. क्या आप के हिसाब से सैलरी बढ़ना चाहिए? कमेंट में जरूर लिखिए.
कमेंट में अपना नाम एवं पंचायत के बारे में लिखिए ताकि आपके नाम को कोई गूगल पर सर्च करें तो आपका सही रिपोर्ट मिलें. वेबसाइट को मौका देने के लिए आपका बहुत-बहुत धन्यवाद.
